Introduction
उत्तर प्रदेश के समाज कल्याण विभाग द्वारा हर साल लाखों छात्रों को पढ़ाई जारी रखने के लिए वित्तीय सहायता दी जाती है।
क्या आप जानते हैं कि उत्तर प्रदेश में हर साल लगभग 32% से अधिक स्कॉलरशिप फॉर्म सिर्फ एक गलत दस्तावेज या स्पेलिंग की गलती के कारण खारिज (Reject) कर दिए जाते हैं? मान लीजिए आपके बच्चे के आधार कार्ड पर नाम “Amit Kumar” है और स्कूल की मार्कशीट पर “Amit Kumarr” लिखा है, तो समाज कल्याण विभाग का ऑनलाइन सर्वर इसे तुरंत रिजेक्ट कर देगा।
UP Scholarship Documents List 2026: Pre & Post Matric
यदि आप कक्षा 9, 10 (Pre-Matric) या कक्षा 11, 12, स्नातक, परास्नातक, डिप्लोमा (Post-Matric) के छात्र हैं, तो आपके लिए [ UP Scholarship Ke Liye Documents List 2026 – Pre Matric & Post Matric ] की पूरी और सही जानकारी होना बेहद जरूरी है। इस लेख में हम आपको उन सभी आवश्यक कागजातों की सूची, सरकारी नियम और डिजिटल वेरिफिकेशन के तरीकों के बारे में बिल्कुल आसान शब्दों में बताएंगे ताकि आपका फॉर्म पहली बार में ही पास हो जाए।
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उत्तर प्रदेश सरकार ने शैक्षणिक सत्र 2025-2026 और 2026 के लिए छात्रवृत्ति प्रणाली में बड़े बदलाव किए हैं। अब कोई भी छात्र पुराने तरीके से फॉर्म अपलोड करके स्कॉलरशिप का लाभ नहीं ले सकता। पूरी प्रक्रिया को अब पूरी तरह से डिजिटल और पारदर्शी बना दिया गया है
Mandatory DigiLocker Profile Syncing
अब उत्तर प्रदेश छात्रवृत्ति पोर्टल (scholarship.up.gov.in) पर सीधे फोटो या मार्कशीट अपलोड करने की व्यवस्था खत्म कर दी गई है। नए नियमों के अनुसार, हर छात्र को अपना फॉर्म भरने से पहले DigiLocker के जरिए अपना वन-टाइम रजिस्ट्रेशन (OTR) पूरा करना होगा। डिजिलॉकर सीधे आपके आधार डेटाबेस से आपका नाम, पिता का नाम, जन्म तिथि और फोटो खींच लेता है। अगर आपके डिजिलॉकर में डेटा सही नहीं है, तो आपका स्कॉलरशिप फॉर्म आगे नहीं बढ़ेगा
The 75% Attendance Tracking Mandate
उत्तर प्रदेश बुनियादी शिक्षा विभाग और समाज कल्याण विभाग के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, इस साल से स्कॉलरशिप राशि केवल उन्हीं छात्रों को भेजी जाएगी जिनकी स्कूल या कॉलेज में कम से कम 75% उपस्थिति (Attendance) होगी। मास्टर डेटाबेस के नियमों के तहत सभी मान्यता प्राप्त स्कूलों को हर हफ्ते छात्रों की उपस्थिति का डेटा ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड करना अनिवार्य कर दिया गया है। बायोमेट्रिक और डिजिटल लॉग के जरिए इस उपस्थिति की जांच की जाती है
Automated Suspect List Flags
पहले छात्रों के फॉर्म में गलती होने पर महीनों बाद पता चलता था। लेकिन अब सॉफ्टवेयर में बदलाव किया गया है। यदि आपके आय प्रमाण पत्र या जाति प्रमाण पत्र का नंबर उत्तर प्रदेश ई-डिस्ट्रिक्ट (E-District) के डेटाबेस से मेल नहीं खाता है, तो सिस्टम वास्तविक समय में (Real-Time) आपके फॉर्म को “Suspect List” में डाल देता है। इससे छात्रों को करेक्शन窗口 के दौरान अपनी गलती सुधारने का एक मौका मिलता है
Who Needs What? Pre-Matric vs Post-Matric Requirements
छात्रवृत्ति के नियमों में कक्षाओं के स्तर पर बड़ा अंतर होता है। कक्षा 9 और 10 के बच्चों की पारिवारिक स्थिति और दस्तावेज अलग होते हैं, जबकि कॉलेज और यूनिवर्सिटी स्तर के छात्रों के लिए तकनीकी दस्तावेजों की आवश्यकता होती है
Pre-Matric Eligibility & Annual Income Caps
कक्षा 9 और 10 में पढ़ने वाले छात्र Pre-Matric श्रेणी में आते हैं। उत्तर प्रदेश समाज कल्याण विभाग के आधिकारिक शासनादेश के अनुसार, इस श्रेणी के तहत आवेदन करने के लिए छात्र के परिवार की कुल वार्षिक आय ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) से अधिक नहीं होनी चाहिए। यह नियम सभी जातियों (सामान्य, ओबीसी, एससी, एसटी और अल्पसंख्यक) के लिए समान रूप से लागू होता है। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE Act 2009) की धारा 12(1)(c) के तहत आने वाले कमजोर वर्ग के बच्चे भी इस छात्रवृत्ति का लाभ अपनी अतिरिक्त पढ़ाई के खर्चों को पूरा करने के लिए उठा सकते हैं
Post-Matric Intermediate Document Tiers
कक्षा 11 और 12 के छात्रों को Post-Matric Intermediate कहा जाता है। इस स्तर पर आते ही सरकार के आय संबंधी नियम बदल जाते हैं। यहाँ पर सामान्य (General), अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) और अल्पसंख्यक (Minority) वर्ग के छात्रों के परिवार की वार्षिक आय ₹2,00,000 (दो लाख रुपये) से कम होनी चाहिए। वहीं, अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के छात्रों के लिए यह सीमा ₹2,500,000 (ढाई लाख रुपये) तक रखी गई है
Post-Matric Other Than Inter (Higher Education)
जो छात्र कक्षा 12 पास करने के बाद आईटीआई (ITI), पॉलिटेक्निक, बीए (BA), बीएससी (B.Sc), बीटेक (B.Tech), बीएड (B.Ed) या अन्य कोई भी degree या डिप्लोमा कोर्स कर रहे हैं, उन्हें इस श्रेणी में रखा जाता है। इनके लिए ऊपर बताए गए आय नियमों के साथ-साथ अपनी यूनिवर्सिटी का Enrollment Number और काउंसलिंग अलॉटमेंट लेटर जमा करना सबसे महत्वपूर्ण होता है
Fresh Application vs Renewal Tracking Profiles
क्या आप इस साल एक ही स्कूल या कॉलेज की अगली कक्षा में गए हैं? अगर हाँ, तो आपको नया आवेदन (Fresh Application) करने की कोई ज़रूरत नहीं है। आपको केवल Renewal (नवीनीकरण) विकल्प चुनना होगा। रिन्यूअल छात्रों को दोबारा आय, जाति या मूल निवास प्रमाण पत्र अपलोड करने की आवश्यकता नहीं होती; उन्हें सिर्फ पिछले साल का रिजल्ट, नई फीस की रसीद और अपना पुराना रजिस्ट्रेशन नंबर दर्ज करना होता है
The Core UP Scholarship Ke Liye Documents List 2026
यहाँ हमने आपकी सुविधा के लिए उन सभी महत्वपूर्ण दस्तावेजों को सूचीबद्ध किया है जो ऑनलाइन फॉर्म भरते समय और स्कूल/कॉलेज में हार्ड कॉपी जमा करते समय अनिवार्य रूप से आपके पास होने चाहिए
Identity Proofs (Aadhaar & DigiLocker Setup)
- छात्र का आधार कार्ड: यह सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज है। आधार कार्ड में छात्र का नाम और जन्म तिथि बिल्कुल वही होनी चाहिए जो कक्षा 10 की मार्कशीट या स्कूल के दाखिला रजिस्टर में दर्ज है
- पंजीकृत मोबाइल नंबर: आपके आधार कार्ड से एक चालू मोबाइल नंबर लिंक होना चाहिए क्योंकि डिजिलॉकर वेरिफिकेशन और ई-केवाईसी (e-KYC) के दौरान इसी नंबर पर ओटीपी (OTP) आता है
Income, Caste, and Domicile Certificates
- आय प्रमाण पत्र (Income Certificate): यह हमेशा छात्र के पिता या कानूनी अभिभावक के नाम पर होना चाहिए। ध्यान रहे कि यह प्रमाण पत्र 3 साल से अधिक पुराना न हो
- जाति प्रमाण पत्र (Caste Certificate): यह ओबीसी, एससी, एसटी और अल्पसंख्यक वर्ग के छात्रों के लिए अनिवार्य है। सामान्य वर्ग के गरीब छात्रों को इसकी आवश्यकता नहीं होती, बशर्ते वे ईडब्ल्यूएस (EWS) का लाभ न ले रहे हों।
- मूल निवास प्रमाण पत्र (Domicile Certificate): यूपी स्कॉलरशिप केवल उत्तर प्रदेश के स्थायी निवासियों के लिए है, इसलिए राज्य का निवास प्रमाण पत्र होना जरूरी है
Fee Receipts and Institutional Enrollment Numbers
- मौजूदा सत्र की फीस रसीद: इसमें आपके कॉलेज द्वारा ली गई Non-Refundable Fee (गैर-वापसी योग्य शुल्क) का स्पष्ट विवरण होना चाहिए। फॉर्म में यही राशि भरी जाती है
- विश्वविद्यालय नामांकन संख्या: डिग्री स्तर के छात्रों के लिए अपनी यूनिवर्सिटी का आधिकारिक एनरोलमेंट नंबर फॉर्म में डालना कानूनी रूप से अनिवार्य है
Previous Qualifying Examination Marksheets
- पिछली कक्षा की मार्कशीट: यदि आप कक्षा 10 में हैं तो कक्षा 9 की मार्कशीट, और यदि आप कॉलेज में हैं तो पिछले सेमेस्टर या वर्ष का परीक्षा परिणाम पासिंग मार्क्स के साथ होना चाहिए। फेल हो चुके छात्र इस योजना के पात्र नहीं हैं
Comparison of Document Requirements
| दस्तावेज का नाम | Pre-Matric (कक्षा 9-10) | Post-Matric (कक्षा 11-12) | Higher Education (Grad/Dip) |
|---|---|---|---|
| आधार कार्ड (e-KYC) | ✔ अनिवार्य | ✔ अनिवार्य | ✔ अनिवार्य |
| पारिवारिक आय सीमा | अधिकतम ₹1 लाख | ₹2 लाख (OBC/Gen) ₹2.5 लाख (SC/ST) |
₹2.5 लाख तक (श्रेणी अनुसार) |
| जाति प्रमाण पत्र | केवल OBC/SC/ST के लिए | केवल OBC/SC/ST के लिए | केवल OBC/SC/ST के लिए |
| यूनिवर्सिटी एनरोलमेंट नं. | लागू नहीं | लागू नहीं | ✔ अनिवार्य |
| काउंसलिंग लेटर | लागू नहीं | लागू नहीं | केवल प्रवेश परीक्षा वाले छात्रों के लिए |
| गैप सर्टिफिकेट (Affidavit) | लागू नहीं | केवल ड्रॉप आउट होने पर | केवल ड्रॉप आउट होने पर |
Important Note: जितने भी प्रमाण पत्र (आय, जाति, निवास) आप ऑनलाइन फॉर्म में भर रहे हैं, उनका इंटरनेट वेरिफिकेशन प्रिंट आउट (Net Verification Copy) ज़रूर निकाल लें। समाज कल्याण विभाग का कंप्यूटर इसी net कॉपी के डेटा को सच मानता है
6 Critical Things Competitors Missed (The Zero-Rejection Protocol)
अक्सर इंटरनेट पर मिलने वाले सामान्य लेखों में उन बारीक नियमों को छोड़ दिया जाता है जिनकी वजह से सबसे ज़्यादा फॉर्म रिजेक्ट होते हैं। हमारी रिसर्च टीम ने उत्तर प्रदेश विकास भवन के अधिकारियों से बात करके इन 6 मुख्य कारणों को खोजा है:
E-District Net Verification Protocol
क्या आपने अपना आय प्रमाण पत्र केवल हाथ में लेकर देख लिया है कि वह सही है? ऐसी गलती न करें। आपको यूपी ई-डिस्ट्रिक्ट की वेबसाइट पर जाकर “प्रमाण पत्र का सत्यापन” विकल्प पर क्लिक करना होगा। वहाँ अपना Certificate ID और Application ID डालकर देखें कि क्या आपका विवरण कंप्यूटर स्क्रीन पर आ रहा है। अगर वहाँ रिकॉर्ड नहीं मिलता, तो स्कॉलरशिप पोर्टल आपका फॉर्म आगे प्रोसेस नहीं करेगा। यह नियम फर्जी दस्तावेजों को रोकने के लिए सख्ती से लागू किया गया है
Active NPCI Bank Account Mapping
यह एक ऐसा नियम है जिसे 12% छात्र अनदेखा कर देते हैं और उनकी स्कॉलरशिप राशि बैंक से वापस (Bounce) हो जाती है। केंद्र सरकार के डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) नियमों के अनुसार, स्कॉलरशिप का पैसा आपके खाता नंबर को देखकर नहीं, बल्कि आपके आधार नंबर को देखकर Aadhaar Payment Bridge System (APBS) के जरिए भेजा जाता है। इसके लिए आपके बैंक खाते का NPCI Mapper पर सीड होना अनिवार्य है। अपने बैंक जाकर मैनेजर से कहें कि आपका खाता डीबीटी और एनपीसीआई से लिंक कर दें
Senior Social Welfare Officer Quote: “लॉगिन पोर्टल पर फॉर्म भरने से पहले छात्रों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनका बैंक खाता केवल एक्टिव ही न हो, बल्कि वह एनपीसीआई से मैप किया गया हो। यदि मैपिंग पेंडिंग होगी, तो हमारा विभाग फंड ट्रांसफर को रोक देता है।”
The ₹10 Non-Judicial Gap Affidavit
यदि आपने कक्षा 12 पास करने के बाद एक या दो साल की पढ़ाई छोड़ दी थी (जैसे नीट या जेईई की तैयारी के लिए) और उसके बाद कॉलेज में एडमिशन लिया है, तो आपको Gap Certificate देना होगा। यह प्रमाण पत्र कचहरी से ₹10 के गैर-न्यायिक स्टांप पेपर (Non-Judicial Stamp Paper) पर नोटरी द्वारा सत्यापित होना चाहिए, जिसमें पढ़ाई छोड़ने का ठोस और कानूनी कारण लिखा हो। प्लेन पेपर पर लिखा हुआ स्पष्टीकरण पूरी तरह से अमान्य कर दिया जाता है
Managing Parent Identity Strings
अविवाहित छात्र ध्यान दें कि आय प्रमाण पत्र कभी भी उनके खुद के नाम पर नहीं होना चाहिए। यह हमेशा पिता के नाम पर होना चाहिए। यदि पिता जीवित नहीं हैं, तभी माता या कानूनी अभिभावक के नाम का आय प्रमाण पत्र मान्य होगा। खुद के नाम पर आय प्रमाण पत्र अपलोड करने से फॉर्म को फर्जी मानकर ब्लॉक कर दिया जाता है
Mobile Number Multi-Registration Blocks
एक ही मोबाइल नंबर को घर के दो या तीन भाई-बहनों के अलग-अलग स्कॉलरशिप फॉर्म में पंजीकृत करने से बचें। नया सॉफ्टवेयर एक नंबर पर केवल एक ही एक्टिव रजिस्ट्रेशन को आसानी से स्वीकार करता है। यदि एक से अधिक फॉर्म में एक ही नंबर मिलेगा, तो सिस्टम उसे “Duplicate Mobile Number” के संदिग्ध घेरे में डाल देता है
Correcting Demographics Mismatches Before Submission
अगर आपके किसी भी दस्तावेज में अक्षरों की गलती है, तो ऑनलाइन फॉर्म फाइनल लॉक करने से पहले उसे सुधार लें। आधार में नाम सुधारने का काम 48 घंटों के भीतर हो जाता है। फॉर्म लॉक करने के बाद उसमें बदलाव करना बेहद कठिन होता है
Step-by-Step Document Upload & Verification Process
कागजातों को इकट्ठा करने के बाद आपको पोर्टल पर किस तरह और किस क्रम में काम करना है, उसकी पूरी आसान प्रक्रिया नीचे दी गई है:
- डिजिलॉकर के जरिए OTR पूरा करें: स्कॉलरशिप पोर्टल पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करें और डिजिलॉकर विकल्प को चुनें। अपने आधार से जुड़े मोबाइल पर आए ओटीपी को दर्ज करके अपनी बुनियादी जानकारी को सत्यापित करें।
- शैक्षणिक और फीस का विवरण भरें: अपनी पिछली कक्षा के प्राप्तांक, पूर्णांक, स्कूल का नाम और अपने कॉलेज की नॉन-रिफंडेबल फीस की सटीक राशि को फॉर्म के कॉलम में भरें
- आय और जाति प्रमाण पत्र सत्यापित करें: अपने आय और जाति प्रमाण पत्र का आवेदन नंबर और सर्टिफिकेट नंबर डालें। पोर्टल स्वचालित रूप से ई-डिस्ट्रिक्ट साइट से डेटा का मिलान करके इसे हरी घंडी दे देगा
- जांच प्रिंट निकालें और फाइनल लॉक करें: फॉर्म को पूरी तरह भरने के बाद उसका “Draft Print” निकालें। इसे अपने स्कूल के क्लर्क से चेक करवाएं। सब कुछ सही होने पर ही पोर्टल पर Final Lock बटन दबाएं। लॉक करने के 3 दिन बाद अंतिम प्रिंट आउट निकलेगा
Pro Tip: फाइनल लॉक करने से पहले अपने स्कूल या कॉलेज के स्कॉलरशिप काउंटर पर जाकर फीस की रकम का मिलान जरूर कर लें। हर कॉलेज का नॉन-रिफंडेबल फंड कोड अलग होता है
Common Mistakes to Avoid (Why 35% of Forms Fail)
- पुराना आय प्रमाण पत्र लगाना: कई माता-पिता सोचते हैं कि पिछले साल वाला आय प्रमाण पत्र इस साल भी काम कर जाएगा। ध्यान रखें कि वह 3 साल की समय सीमा के अंदर होना चाहिए। रिस्क से बचने के लिए नया बनवा लेना सबसे बेहतर होता है
- जीरो-बैलेंस या जनधन खाते का उपयोग: छात्र अक्सर स्कॉलरशिप के लिए जनधन खाता या बैंक का छोटा बचत खाता दे देते हैं। इन खातों में एक महीने में ₹10,000 या ₹50,000 से अधिक जमा करने की सीमा (Credit Limit) होती है। जब सरकार बड़ी रकम जैसे ₹40,000 की फीस भरपाई भेजती है, तो लिमिट पार होने के कारण ट्रांजैक्शन फेल हो जाता है। हमेशा एक सामान्य सेविंग्स अकाउंट (Savings Account) का ही उपयोग करें
- सिर्फ ड्राफ्ट सेव करके छोड़ देना: साइबर कैफे वाले अक्सर फॉर्म को सिर्फ सुरक्षित (Save) कर देते हैं और छात्र समझते हैं कि आवेदन हो गया। जब तक आप “Final Lock” नहीं करेंगे और संस्था में जमा करने हेतु प्रिंट नहीं निकालेंगे, आपका आवेदन अधूरा रहेगा
Directorate of Education Audit Officer Quote: “हर साल हजारों मामले ऐसे आते हैं जहाँ छात्र साइबर कैफे के भरोसे फॉर्म छोड़कर चले जाते हैं, और वह अंतिम समय में सर्वर डाउन होने की वजह से लॉक नहीं हो पाता। छात्रों को खुद अपनी लॉगिन आईडी चेक करनी चाहिए।”
Frequently Asked Questions (FAQ Section)
सवाल: क्या 3 साल पुराना आय प्रमाण पत्र (Income Certificate) चल जाएगा?
जवाब: नहीं, उत्तर प्रदेश छात्रवृत्ति के नियमों के अनुसार आपका आय प्रमाण पत्र जारी होने की तारीख से 3 साल के भीतर का ही होना चाहिए। सबसे सुरक्षित यही रहेगा कि आप चालू वित्तीय वर्ष (1 अप्रैल के बाद जारी हुआ) का ही नया प्रमाण पत्र इस्तेमाल करें
सवाल: मेरा बैंक खाता एनपीसीआई (NPCI Mapper) से लिंक है या नहीं, यह कैसे पता करें?
जवाब: इसके लिए आप आधार की ऑफिशियल वेबसाइट (UIDAI) पर जाकर “Bank Seeding Status” चेक कर सकते हैं। या फिर सबसे आसान तरीका है कि अपने बैंक की ब्रांच में जाएं और काउंटर पर क्लर्क से पूछ लें कि क्या आपका खाता एनपीसीआई से मैप है
सवाल: अगर आधार कार्ड और स्कूल की मार्कशीट में नाम अलग-अलग है तो क्या करें?
जवाब: ऐसी स्थिति में आपको सबसे पहले अपने आधार कार्ड के नाम को अपनी 10वीं की मार्कशीट के अनुसार ऑनलाइन या आधार सेंटर जाकर सुधरवाना होगा। आधार अपडेट होने में 2 से 3 दिन का समय लगता है, उसके बाद ही स्कॉलरशिप का फॉर्म भरें
सवाल: प्री-मैट्रिक (Pre-Matric) स्कॉलरशिप के लिए माता-पिता की सालाना आय कितनी होनी चाहिए?
जवाब: कक्षा 9 और 10 (Pre-Matric) के लिए सभी वर्गों (General, OBC, SC, ST, Minority) के परिवार की सालाना आय सीमा अधिकतम ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) तय की गई है। इससे ₹1 भी ज़्यादा होने पर फॉर्म रिजेक्ट हो जाएगा
सवाल: रिन्यूअल (Renewal) यानी नवीनीकरण वाले फॉर्म के लिए कौन से दस्तावेज चाहिए?
जवाब: रिन्यूअल आवेदन के लिए आपको नए आय या जाति प्रमाण पत्र की जरूरत नहीं होती। आपको केवल अपना पिछला रजिस्ट्रेशन नंबर, पिछली कक्षा की मार्कशीट, इस साल जमा की गई फीस की रसीद और आधार कार्ड चाहिए होगा
सवाल: मेरा रिजल्ट अभी तक नहीं आया है, क्या मैं स्कॉलरशिप का फॉर्म भर सकता हूँ?
जवाब: हाँ, यदि आपका रिजल्ट अभी तक घोषित नहीं हुआ है, तो आप फॉर्म भरते समय “Result Not Declared Yet” का विकल्प चुनकर फॉर्म सबमिट कर सकते हैं। बाद में जब करेक्शन विंडो खुलेगी, तब आपको अपने सही नंबर अपडेट करने होंगे
सवाल: क्या जनरल (General) कैटेगरी के छात्रों को भी जाति प्रमाण पत्र की जरूरत होती है?
जवाब: नहीं, सामान्य वर्ग के छात्रों को जाति प्रमाण पत्र (Caste Certificate) की कोई आवश्यकता नहीं होती है। उन्हें केवल अपना आय प्रमाण पत्र और निवास प्रमाण पत्र ही फॉर्म में लगाना होता है
सवाल: यूपी का मूल निवास प्रमाण पत्र (Domicile) कब लगाना जरूरी होता है?
जवाब: यदि आप उत्तर प्रदेश के निवासी हैं लेकिन किसी कारणवश राज्य से बाहर के किसी कॉलेज में पढ़ाई कर रहे हैं, या यदि आप किसी ऐसी प्राइवेट संस्था में हैं जहाँ राज्य कोटे के तहत छात्रवृत्ति मिल रही है, तो निवास प्रमाण पत्र लगाना अनिवार्य है
सवाल: गैप सर्टिफिकेट (Gap Affidavit) कैसे बनता है और कितने रुपये का स्टांप लगता है?
जवाब: आपको अपने नजदीकी तहसील या कचहरी जाकर किसी नोटरी वकील से मिलना होगा। वहाँ ₹10 के नॉन-जुडिशियल स्टांप पेपर पर अपने पढ़ाई छोड़ने का सही कारण (जैसे- बीमारी या कंपटीशन की तैयारी) लिखकर एक हलफनामा तैयार करवाना होगा
सवाल: अगर स्कॉलरशिप पोर्टल पर स्टेटस में “Suspect List” दिखाई दे तो क्या करें?
जवाब: घबराएं नहीं, इसका मतलब है कि आपके किसी कागज या नंबर में सिस्टम को गलती लगी है। जब विभाग द्वारा सुधार (Correction) की तारीखें घोषित की जाएं, तब ऑनलाइन उसे सुधारें और अपने कॉलेज के माध्यम से समाज कल्याण विभाग के जिला कार्यालय (Vikas Bhawan) में सही दस्तावेज जमा कर दें
सवाल: क्या प्राइवेट स्कूल बदलने पर स्कॉलरशिप रिन्यू हो सकती है?
जवाब: यदि आपने अपना स्कूल बदल लिया है, तो आप रिन्यूअल नहीं कर पाएंगे। आपको नए स्कूल के यूडीआईएसई (UDISE) कोड का उपयोग करके एक बिल्कुल नया यानी फ्रेश एप्लीकेशन (Fresh Application) भरना होगा
सवाल: अगर कॉलेज की असली फीस रसीद खो गई हो तो क्या डुप्लीकेट रसीद मान्य होगी?
जवाब: हाँ, यदि आपकी असली रसीद खो गई है, तो आप अपने कॉलेज के अकाउंट सेक्शन से डुप्लीकेट फीस रसीद जारी करवा सकते हैं। ध्यान रहे कि उस पर कॉलेज की गोल मुहर, तारीख और ट्रांजैक्शन आईडी साफ-साफ लिखी हो
सवाल: क्या डिजिलॉकर में पता (Address) बदलने पर नया निवास प्रमाण पत्र बनाना पड़ेगा?
जवाब: यदि आपका नया पता आपके पुराने मूल निवास प्रमाण पत्र वाले जिले से अलग है (यानी आपने जिला बदल लिया है), तो आपको नया निवास प्रमाण पत्र बनवाना होगा। एक ही जिले के अंदर मामूली बदलाव होने पर पुराना भी चल जाता है
Conclusion
उत्तर प्रदेश छात्रवृत्ति योजना हर जरूरतमंद छात्र के लिए एक बेहतरीन सहारा है, बशर्ते आप इसके नियमों का सही पालन करें। इस लेख में दी गई [ UP Scholarship Ke Liye Documents List 2026 – Pre Matric & Post Matric ] की मदद से अपने सभी कागजात पहले से ही तैयार कर लें। ध्यान रखें कि आधार ई-केवाईसी और बैंक खाते का एनपीसीआई से लिंक होना आपकी राशि प्राप्त करने की पहली सीढ़ी है। देरी न करें, अपने नजदीकी जन सेवा केंद्र पर जाएं या आधिकारिक वेबसाइट पर लॉग इन करके समय सीमा समाप्त होने से पहले अपना आवेदन पूरा करें!
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